Mohabbat Shayari, आँखों में आसूँ...
आँखों में आसूँ आ जाते हैं !
फिर भी लबो पे हँसी रखनी परती हैं !!
ये मोहब्बत भी क्या चीज हैं यारो !
जिससे करते हैं उसी से छुपानी परती हैं !!
फिर भी लबो पे हँसी रखनी परती हैं !!
ये मोहब्बत भी क्या चीज हैं यारो !
जिससे करते हैं उसी से छुपानी परती हैं !!
Mohabbat Shayari, आँखों में आसूँ...
Reviewed by Mr X
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April 04, 2011
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